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Tuesday, November 30, 2021

बेकार छिलकों से बनाएं गुणकारी खाद जो आपके पौधें के विकास में करेगा मदद: जानें तरीका

हम सब तकरीबन घरों में सब्जियों के छिलकों को फेंक देते है। क्या आप यह जानते हैं कि आप जिसे बेकार समझ कर फेंक रहे हैं कहीं ना कहीं उसमें भी कुछ गुण छिपे हुए है? इन छिलको से भी हम पौधों के लिए गुणकारी खाद्य बना सकते हैं। आइए जाने छिलकों के इस्तेमाल से खाद कैसे बनाया जाता है?

खाद बनाने में आप संतरे के छिलका का भी प्रयोग कर सकते हैं क्योंकि संतरे के छिलके में नाइट्रोजन के अलावा पोटैशियम सल्फर और फास्फोरस होता है। इसको गलाने में अधिक समय लगता है इसीलिए इसे छोटे-छोटे टुकड़ों में काट दे ताकि खाद गलने में आसानी हो।

पौधे उगाने में 6 तत्व अधिक महत्वपूर्ण होते हैं जिसमें फास्फोरस, नाइट्रोजन एवं पोटेशियम की महत्वता अधिक दी गई है। इसके अलावा अंडे के छिलके को भी खाद्य बनाने के इस्तेमाल में ला सकते हैं। इसके अलावा लहसुन और प्याज के छिलके उपयोग भी कर सकते हैं। केले के छिलके भी खाद बनाने में बहुत लाभदायक है क्योंकि इन छिलकों में 42 प्रतिशत पोटेशियम पाया जाता है।

सभी प्रकार के छिलकों को गमले में डालकर उसके ऊपर से सूखी पत्तियां के घास का एक लेयर बना दे। ऐसा करने से कमपोस्ट में एयर का सरकुलेशन होता रहता है और फिर ऊपर से इसमें मिट्टी डाल दें क्योंकि मिट्टी में बैक्टीरिया अधिक मात्रा में होता है। जिससे छिलके को डीकंपोज करने में सहायक होती है। यह क्रियाएं करने के बाद इन गमलों को खुली धूप में रख दे और कड़ी धूप एवं ज्यादा गर्मी होने पर ही इसमें हल्का सा पानी डालें और धूप अगर ना हो तो पानी की कोई आवश्यकता नहीं है।

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1 दिन के जमा छिलके से अधिक मात्रा में कंपोस्ट तैयार नहीं किया जा सकता है। इसीलिए इस गमले में रोज का छिलका डालें और अगर आप फूल के पौधों के लिए कंपोस्ट तैयार कर रहे हो तो इसमें चाय की पत्ती भी डाल सकते हैं। इस कंपोस्ट को तैयार होने में तकरीबन 2 महीने का समय लग सकता है। इसे आराम से तैयार होने दे और जब यह पूरी तरह से बनकर तैयार हो जाए तब आप इसे पौधों में इस्तेमाल कर सकते हैं जिससे आप के पौधे जल्दी विकास करेंगे और स्वास्थ्य फूल, फल और सब्जियों भी तैयार करेंगे।

Shubham Jha
Shubham वर्तमान में पटना विश्वविद्यालय (Patna University) में स्नात्तकोत्तर के छात्र हैं। पढ़ाई के साथ-साथ शुभम अपनी लेखनी के माध्यम से दुनिया में बदलाव लाने की ख्वाहिश रखते हैं। इसके अलावे शुभम कॉलेज के गैर-शैक्षणिक क्रियाकलापों में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं।

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